मूलाधार चक्र · रूट सेंटर
आधार, स्थिरता, पृथ्वी तत्वीय सुरक्षा, शारीरिक ऊर्जा तथा कुंडलिनी शक्ति का मूल उद्गम केंद्र।
शास्त्रीय उपनिषदों, प्रामाणिक वीडियो व्याख्यानों, सॉल्फेजियो ध्वनि तरंगों और 108x बीज मंत्र जप के साथ सूक्ष्म चेतना का अध्ययन करें।
आधार, स्थिरता, पृथ्वी तत्वीय सुरक्षा, शारीरिक ऊर्जा तथा कुंडलिनी शक्ति का मूल उद्गम केंद्र।
भावनात्मक प्रवाह, रचनात्मकता, आनंद, रस, काम शक्ति तथा जीवन में लचीलापन।
आत्मबल, जठराग्नि की ऊष्मा, संकल्प शक्ति, अनुशासन तथा सकारात्मक ऊर्जा।
निःस्वार्थ प्रेम, करुणा, क्षमा, भावनात्मक संतुलन तथा समस्त जीवों से आत्मीयता।
सत्य वाणी, प्रामाणिक अभिव्यक्ति, श्रवण क्षमता तथा मानसिक व वाणी की शुद्धि।
अंतर्ज्ञान, सूक्ष्म दृष्टि, विवेक, मानसिक एकाग्रता तथा प्रत्यक्ष आत्म-बोध।
परम चेतना, अद्वैत बोध, अहंकार से मुक्ति, दिव्य साक्षात्कार तथा मोक्ष का द्वार।