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आरती
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भगवान् सूर्य

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Surya मुफ़्त
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अक्षर

जय जय जय रवि देव, जय जय जय रवि देव ।

रजनीपति मदहारी, शतदल सुखकारी ॥

जय जय जय रवि देव ॥

दिनकर, दुख हरता, जग के करता ।

आदि देव, सविता, शुभकारी ॥

जय जय जय रवि देव ॥

सप्त अश्व रथ सोहे, मन को मोहे ।

कनक वर्ण, अति तेजा, सुखकारी ॥

जय जय जय रवि देव ॥

अम्बर में तुम छाए, जग को चमकाए ।

अंधकार के नाशक, शुभकारी ॥

जय जय जय रवि देव ॥

रोग शोक हरता, जीवन दाता ।

तेज पुंज, बलकारी, सुखकारी ॥

जय जय जय रवि देव ॥

जो कोई आरती गावे, मनवांछित फल पावे ।

रवि देव की कृपा से, भवसागर तर जावे ॥

जय जय जय रवि देव ॥

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